पाषाणकालीन सभ्यता और दक्षिण भारत की हैंडएक्स परंपरा: इतिहास और अध्ययन
प्रागैतिहासिक काल इतिहास का अध्ययन मुख्य रूप से तीन भागों में बांटा गया है: प्रागैतिहास, आद्य-इतिहास और इतिहास। प्रागैतिहास उस समय को कहते हैं, जिसमें लिखित साक्ष्य नहीं मिलते। आद्य-इतिहास वह समय होता है, जिसमें लिपि के संकेत मिलते हैं, लेकिन वे अपठ्य या अस्पष्ट होते हैं। जब लिखित साक्ष्य मिलने लगते हैं, तब […]






