विजयनगर साम्राज्य की सामाजिक-आर्थिक संरचना: समाज, अर्थव्यवस्था और राज्य का समग्र अध्ययन
विजयनगर साम्राज्य की सामाजिक-आर्थिक संरचना मध्यकालीन दक्षिण भारत के इतिहास को समझने की एक केंद्रीय कुंजी है। 14वीं से 16वीं शताब्दी के बीच विकसित यह साम्राज्य केवल सैन्य शक्ति या राजनीतिक विस्तार तक सीमित नहीं था, बल्कि इसकी स्थिरता और दीर्घायु का वास्तविक आधार उसका संगठित समाज और कृषि-प्रधान, किंतु व्यावसायिक रूप से विकसित […]






